पीलिया को दूर करने के लिए घरेलू उपचार
पीलिया (जंडिस) एक ऐसी स्थिति है जिसमें लीवर ठीक से काम नहीं कर पाता और शरीर में बिलिरुबिन नामक पदार्थ का स्तर बढ़ जाता है। इससे त्वचा और आंखों का सफेद हिस्सा पीला पड़ जाता है। पीलिया कई कारणों से हो सकता है जैसे कि लीवर की बीमारी, गैलब्लैडर की समस्या, एलर्जी, संक्रमण, दवाइयों के दुष्प्रभाव आदि। पीलिया को दूर करने के लिए घरेलू उपचार काफी प्रभावी हो सकते हैं। आइए हम पीलिया के कुछ प्रमुख घरेलू उपचारों पर विस्तार से चर्चा करते हैं:
1. नींबू पानी: नींबू में मौजूद विटामिन सी और एंटीऑक्सिडेंट गुण लीवर को डिटॉक्सीफाई करने में मदद करते हैं। रोजाना सुबह खाली पेट गर्म पानी में नींबू का रस मिलाकर पीने से लीवर की सफाई होती है और बिलिरुबिन का स्तर कम होता है। नींबू में मौजूद सिट्रिक एसिड भी लीवर की कार्यप्रणाली को बेहतर बनाता है।
2. अदरक का रस: अदरक में मौजूद एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण लीवर की सूजन कम करने में मददगार होते हैं। एक चम्मच अदरक का रस लें और शहद मिलाकर पिएं। अदरक में मौजूद जिंजरॉल नामक एंटीऑक्सिडेंट लीवर को नुकसान से बचाता है और इसकी कार्यप्रणाली को बेहतर बनाता है।
3. करेला जूस: करेला जूस लीवर के लिए बहुत फायदेमंद होता है। इसमें मौजूद विटामिन ए, बी, सी और खनिज पदार्थ जैसे आयरन, कैल्शियम, मैग्नीशियम आदि लीवर के स्वस्थ कार्यक्रम को बढ़ाते हैं। करेले में मौजूद कुकुरबिटासिन नामक तत्व भी लीवर की रक्षा करता है।
4. मेथी दाना: मेथी दाना लीवर की डिटॉक्सिफिकेशन क्षमता बढ़ाता है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सिडेंट और फाइटोन्यूट्रिएंट्स लीवर की कोशिकाओं को मजबूत बनाते हैं। आप मेथी दाने को पानी में उबाल कर पी सकते हैं या फिर इसका चूर्ण बना कर दही के साथ खा सकते हैं।
5. सरसों का तेल: सरसों का तेल बाहरी इस्तेमाल के लिए फायदेमंद है। इसे गर्म करके पेट पर मालिश करने से लीवर की गर्मी बाहर निकलती है और लीवर की कार्यप्रणाली सुधरती है। सरसों के तेल में मौजूद मैग्नीशियम और कैल्शियम लीवर के लिए लाभकारी होते हैं।
6. आराम: पीलिया के इलाज में आराम करना भी बहुत जरूरी है। ज्यादा थकान और तनाव से बचना चाहिए क्योंकि ये दोनों ही लीवर पर बुरा असर डालते हैं। पर्याप्त नींद लेना भी महत्वपूर्ण है ताकि शरीर को आराम मिल सके।
7. चुकंदर का रस: चुकंदर में मौजूद बीटालैंन नामक तत्व लीवर की डिटॉक्सिफिकेशन क्षमता बढ़ाता है। इसके अलावा चुकंदर में विटामिन सी, मैग्नीशियम और आयरन भी पर्याप्त मात्रा में पाए जाते हैं जो लीवर के लिए फायदेमंद होते हैं। रोज सुबह एक गिलास चुकंदर का रस पीना चाहिए।
8. अनानास का रस: अनानास में मौजूद ब्रोमेलिन एंजाइम लीवर की सूजन कम करने में मदद करता है। साथ ही इसमें मौजूद विटामिन सी, मैग्नीशियम और पोटैशियम लीवर को स्वस्थ रखते हैं। एक गिलास अनानास का रस पीने से जंडिस के लक्षणों में आराम मिलता है।
9. पुदीना और अदरक वाली चाय: पुदीने और अदरक से बनी यह चाय एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर होती है जो लीवर की सूजन कम करने में मदद करती है। इसके साथ ही यह चाय लीवर को डिटॉक्सीफाई भी करती है।
10. घरेलू योग और प्राणायाम: योग और प्राणायाम से तनाव और चिंता कम होती है जो लीवर के कार्यक्रम को सुधारता है। कुछ विशेष आसन जैसे भुजंगासन, पवनमुक्तासन, नौकासन आदि लीवर को मजबूत बनाने में मदद करते हैं। साथ ही कपालभाति और अनुलोम-विलोम जैसे प्राणायाम तकनीक भी लीवर की सेहत बेहतर बनाती हैं।
इन घरेलू नुस्खों के अलावा, कुछ अन्य बातों का भी ध्यान रखना जरूरी है जब आप पीलिया से पीड़ित हों:
11. संतुलित आहार: एक संतुलित और पोषक आहार लेना बहुत जरूरी है। प्रोटीन, विटामिन, मिनरल और फाइबर युक्त भोजन लीवर की कार्यप्रणाली को सुधारने में मदद करता है। सब्जियां, फल, अनाज, दाल और मछली का सेवन करें। प्रोसेस्ड और अधिक वसायुक्त भोजन से बचें।
12. पर्याप्त पानी पीएं: शरीर में पानी की कमी न होने दें क्योंकि यह लीवर की डिटॉक्सिफिकेशन प्रक्रिया में बाधा डाल सकता है। दिन में कम से कम 8-10 गिलास पानी जरूर पिएं।
13. शराब और धूम्रपान से बचें: शराब और धूम्रपान से लीवर को नुकसान पहुंचता है और पीलिया के लक्षण बढ़ते हैं। इनसे पूरी तरह से दूर रहें।
14. आराम: पर्याप्त आराम और नींद लेना बहुत जरूरी है ताकि लीवर को रिकवर होने का समय मिल सके। ज्यादा थकान से बचें।
15. कसरत: हल्की कसरत जैसे सैर या योग से शरीर में ऑक्सीजन और रक्त का संचालन बढ़ता है जो लीवर की सेहत के लिए अच्छा होता है। लेकिन अत्यधिक कसरत से बचें।
16. दवाइयां सावधानीपूर्वक लें: अगर आप किसी बीमारी के लिए दवाएं ले रहे हैं तो डॉक्टर से जरूर पूछें क्योंकि कुछ दवाइयों का लीवर पर दुष्प्रभाव पड़ सकता है।
अगर इन घरेलू उपायों से राहत न मिले या लक्षण गंभीर हो जाएं तो तुरंत डॉक्टर से परामर्श लें। कभी-कभी पीलिया किसी गंभीर लीवर रोग का लक्षण हो सकता है जिसका उचित इलाज करना बहुत जरूरी होता है।
इन उपायों के साथ-साथ डॉक्टर द्वारा बताए गए उपचार को भी निष्ठापूर्वक अपनाना चाहिए। धीरज रखें और अपनी सेहत पर विशेष ध्यान दें। समय रहते उचित देखभाल और उपचार से पीलिया पूरी तरह से ठीक हो सकता है।